एक पन्ना अभी बाक़ी है

एक पन्ना अभी बाक़ी है

” शायद एक पन्ना अभी बाक़ी है ,
थक गयीं हैं उँगलियाँ मगर ,
कुछ लिखना अभी बाक़ी है ,
इंतज़ार करना मेरा ,
मैं लौट के आऊँगा ,
दर्द की क़लम में ,
कुछ और स्याही भरना अभी बाक़ी है,
मेरी किताब का
एक पन्ना अभी बाक़ी है “

Hindi Poetry by Nikhil Kapoor
Blog: Lamhe Zindagi Ke

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